मेरा स्मार्टफोन मेरी दुनिया  

मैं जब भी कोई मोबाइल देखता,
तो उसे अपने हाथों मे लेना चाहा।
लेकिन छोटे होने की दलील,
सबने दिया और मैंने सहा।।

फिर मेरे सपनो को पंख लगे,
जब माता-पिता ने यह कहा।
उन्होंने दसवीं मे अच्छे नम्बर से पास होने पर,
एक मोबाइल देने को कहा।।

फिर क्या था मन मे सपने सजने लगे,
कि मोबाइल अब हाथ लगा।
लेकिन जब साधारण फोन लगा,
अब मुझसे गया ना रहा।।

काफी जद्दोजहद और विनय के बाद,
मेरा सपना, मेरी जिंदगी मुझे मिलीं।
लेकिन अंत मे मुझे,
मेरा पहला स्मार्टफोन मिला।।
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